जब हम संतुलित भोजन नहीं लेंगे तो क्या होगा?

दोस्तो आप सभी का हमारे ब्लॉग All in 1 में स्वागत है। दोस्तो सभी के लिए संतुलित भोजन लेना बहुत ज़रूरी है नहीं तो आप कमजोर हो जायेंगे इसके अभाव में बहुत से बीमारियो का सामना करना पड़ सकता है। तो आज मैं जब हम संतुलित भोजन नहीं लेंगे तो क्या होगा? के बारे में सारी जानकारी लेकर आया हूं। अगर आपके भी जानकारी में कोई शारीरिक रूप से कमजोर है तो उसे यह पोस्ट ज़रूर शेयर करे।

संतुलित भोजन किसे कहते है?(Santulit bhojan kise kahte hai)

संतुलित भोजन इस भोजन को कहेंगे जिसमे विभिन्न खनिज पदार्थ, मिनिरल्स ,प्रोटीन, वसा आदि की मात्रा अच्छी तरीके से हो जिसे खाने से न शरीर में कमजोरी आए न इससे खाने से शरीर में किसी भी तत्व की अधिकता हो इसे ही संतुलित भोजन कहते है

जब हम संतुलित भोजन नहीं लेंगे तो क्या होगा?

अपने दैनिक कार्यों को दक्षता व कुशलतापर्वक पूर्ण करने के लिए स्वस्थ होना अनिवार्य है। स्वास्थ्य पर संतुलित आहार का महत्वपूर्ण योगदान है। हमारे दैनिक भोजन के मुख्य अवयव कार्बोहाइड्रेड, प्रोटीन, वसा, खनिज और विटामिन है। शरीर के सम्पूर्ण वृद्धि तथा विकास के लिए अतिआवश्यक है तथा शरीर के जख्मी, टूटे - फूटे अंगो को ठीक करने के लिए अति आवश्यक है। इस सभी पोषक तत्वों के उचित एवं संतुलित प्रयोग से शरीर में रोगों से लडने कि रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। 

संतुलित भोजन में कार्बोहाइड्रेट, वसा, प्रोटीन, विटामिन तथा खनिज आदि उपस्थित होते है तथा शरीर के आवश्यकता के अनुसार में बदलते रहते है। हमारे दैनिक भोजन में इनकी अधिकता से आधिक्य जनित रोग शुगर, मोटापा के शिकार होते है तथा इनकी कमी से हिंताजन्य रोग कुपोषण तथा बहुत से रोगों का सामना करना पड़ता है। जब हम संतुलित आहार नहीं लेंगे तो कार्बोहाइड्रेड, वसा, प्रोटीन, खनिज तथा विटामिन के कमी के विभिन्न रोगों से ग्रसित होंगे।

जब हम संतुलित भोजन नहीं लेंगे तो क्या होगा?
 

संतुलित आहार की कमी से होने वाले रोग -

संतुलित आहार न मिलने के कारण बहुत से रोगों का शिकार होना पड़ता है और कई बार इससे मौत भी हो सकती है इतना ही नहीं इससे आजीवन कई बीमारियों से जूझना पड़ सकता है। तो चलिए जानते है कि संतुलित भोजन न लेने से कैसे हम बीमारी के चपेट में आते है।

जब हम संतुलित भोजन यानी आवश्यक रूप से प्रोटीन , विटामीन, कैल्शियम, आयरन , वसा आदि हमारे शरीर को न मिलने से हमारे शरीर में रोगप्रतिरोधक क्षमता कम होने लगता है और हम अनेकों रोगों से ग्रसित हो जाते है। और कुपोषण का शिकार हो जाते है। इसी लिए आपको जानना बहुत जरूरी है कि जब हम संतुलित भोजन नहीं लेंगे तो क्या होगा?
 
 

खनिज लवण के कमी से होने वाले रोग - 

हमारे शरीर में खनिज लवण होना बहुत ज़रूरी है इनके अभाव में निम्न बीमारी होते है -
1. कैल्सियम - भंगुर हड्डियां, अत्यधिक रक्तस्राव, कमजोर पेशिय गति ।
2. फास्फोरस - शारीरिक कमजोरी, खराब दांत व हड्डियां, रैकेट।
3. आयरन - खून को कमी।
4. आयोडीन - थायराइड ग्रंथि में सूजन, घेंघा रोग।

विटामिन की कमी से होने वाले रोग -

विटामिन के कमी से अनेक बीमारियां होती है। चलिए जानते है कि कोनसा विटामिन से कौन कौन सा बीमारियां का सामना करना पड़ेगा -

विटामिन A - रतौंधी
विटामिन B - बेरीबेरी
विटामिन C - स्कर्वी
विटामिन D - रिकेट
विटामिन K - रक्त का थक्का न ज़माना

वसा के कमी से होने वाले रोग -

वसा हमारे लिए बहुत आवश्यक है लेकिन इसकी मात्रा सीमित हो तो ही अच्छा है। क्योंकि वसा के कमी और अधिकता दोनो में ही स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। वसा दो प्रकार के होते है संतृप्त वसा और असंतृप्त वसा। वनस्पति वसा हमारे सेहत के लिए नुकसानदेह होता है। 

वही दूसरी ओर अगर वसा का मात्रा अधिक होने से शरीर में मोटापा बढ़ता है जिससे दमा, हृदय रोग, अर्थराइट्स और डायबिटीज होने की संभावना है और कमी होने से शरीर का त्वचा रूखा सूखा, कमजोरी, रोगप्रतिरोधक क्षमता में कमी,
फाइनोड़ार्मा , मरस्मस (शारीरिक व मानसिक विकास रुक जाना ) आदि होने की संभावना है।


प्रोटीन की कमी से होने वाले रोग -

प्रोटीन हमारे शरीर के लिए बहुत जरूरी है क्योंकि हमारे शरीर में प्रोटीन का कमी होने से हम अपने काम को ठीक से नहीं कर पाएंगे और साथ ही अनेक बीमारीयो का शिकार भी हो सकते है। प्रोटीन की कमी से थकान लगाना , मांसपेशियों में दर्द, कमजोरी ,क्वाशियोरकर, आर्थोराईट्स , रोगप्रतिरोधक क्षमता में कमी, घाव का जल्दी ठीक न होना आदि बीमारियों का सामना करना पड़ सकता है।

और कही प्रोटीन का स्तर बढ़ने से कोलेस्ट्रॉल बढ़ जाता है जिससे हृदय रोग, डायबिटीज आदि हो सकते है। इसलिए शरीर में प्रोटीन का स्तर आवश्यकता अनुसार ही रहे तो अच्छा है। 

कार्बोहाइड्रेड की कमी से होने वाले रोग -

 कार्बोहाइड्रेड शरीर के लिए ऊर्जा स्त्रोत है। इनसे ही हमारे शरीर को ऊर्जा मिलती है। कार्बोहाइड्रेट को भी अन्य तत्व की तरह ही संतुलित होना अनिवार्य है। कार्बोहाइड्रेट की कमी से  इपोग्लाइसीमिया , एसिडोसिस , डिप्रेशन, कब्ज, सिरदर्द, थकान, वजन में कमी आदि बीमारियां होती है।

निष्कर्ष:-

आज के इस पोस्ट जब हम संतुलित भोजन नहीं लेंगे तो क्या होगा?(Jab hum Santulit bhojan nahi lenge to kya hoga) और संतुलित भोजन किसे कहते है (Santulit bhojan kise kahte hai) के बारे में जाना है आपको यह पोस्ट कैसा लगा हमे ज़रूर बताएं साथ ही हमारे सोशल मीडिया एकाउंट को फॉलो करना ना भूले जिससे आप हमारे संपर्क में रहे।

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