जानिये लोकप्रिय क्रिकेटर सुरेश रैना के बारे में...About Suresh Raina
27 नवम्बर 1987 को मुरादनगर गाजियाबाद में जन्मे सुरेश रैना एक भारतीय प्रोफेशनल क्रिकेटर हे. उनके पिता त्रिलोकी चंद सेवानिवृत सैन्य अधिकारी हे. सुरेश लेफ्टी प्लेयर हे और कभी-कभी वे ऑफ़ स्पीनर बोलिंग भी करते हे. वे वर्ल्ड क्रिकेट के बेहतरीन फील्डर में से एक हे. डोमेस्टिक क्रिकेट में वे उत्तरप्रदेश की तरफ से खेलते हे और IPL में गुजरात लायंस की तरफ से खेलते हे. उन्होंने कुछ समय के लिए भारतीय टीम की कप्तानी भी की हे. आईये जानते हे सुरेश रैना के बारे में.
About Suresh Raina
कोच के चहेते होने से जलते थे उसके साथी
जब वे होस्टल में रहा करते थे तो उसके दुसरे साथी उसके साथ बुरा बर्ताव किया करते थे. इस वजह से उन्होंने होस्टल छोड़कर घर जाने का फैसला किया. रैना अपने कोच के चहेते थे इसी कारण उसके बाकि दोस्त उससे जलते थे. कई बार रात में उन पर ठंडा पानी डाल दिया जाता था.
महंगे कॉल ने समझाई पैसे की कीमत
एक बार रैना के पास एयर इंडिया की तरफ से खेलने का ऑफर आया था. इसी मौके ने रैना की जिंदगी बदल दी. घर पर कॉल करने के लिए उस समय एक कॉल के 4 रूपये लगते थे, ऐसे में वे दो मिनट से ज्यादा बात नहीं करते थे. “अब उस टाइम JIO नहीं था ना” इन सब बातों के कारण उन्हें पैसों की कीमत समझ आ गई.
कोच के चहेते होने से जलते थे उसके साथी
जब वे होस्टल में रहा करते थे तो उसके दुसरे साथी उसके साथ बुरा बर्ताव किया करते थे. इस वजह से उन्होंने होस्टल छोड़कर घर जाने का फैसला किया. रैना अपने कोच के चहेते थे इसी कारण उसके बाकि दोस्त उससे जलते थे. कई बार रात में उन पर ठंडा पानी डाल दिया जाता था.
महंगे कॉल ने समझाई पैसे की कीमत
एक बार रैना के पास एयर इंडिया की तरफ से खेलने का ऑफर आया था. इसी मौके ने रैना की जिंदगी बदल दी. घर पर कॉल करने के लिए उस समय एक कॉल के 4 रूपये लगते थे, ऐसे में वे दो मिनट से ज्यादा बात नहीं करते थे. “अब उस टाइम JIO नहीं था ना” इन सब बातों के कारण उन्हें पैसों की कीमत समझ आ गई.
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घुटने की करानी पड़ी थी सर्जरी
IPL रैना की जिंदगी में दूसरा टर्निंग पॉइंट साबित हुआ. इस दौरान उनके घुटने में चोट लग गई और फिर उन्हें सर्जरी करवानी पड़ी. यह रैना के लिए मुश्किल भरा दौर था. उन्हें डर था की कहीं उनका करियर खत्म ना हो जाये. क्योंकि उन्हें उस वक्त घर के लोन के लिए 80 लाख रूपये चुकाने थे. लेकिन वे दोबारा से क्रिकेट खेलने लगे और सफल हो गए.
मनीआर्डर के पैसों से खाते थे समोसे
रैना को फिर दोबारा उनके भाई दिनेश ने होस्टल में छोड़ दिया. होस्टल प्रशासन ने उनके भाई की सुरक्षा की पूरी गारंटी ली. रैना दोबारा होस्टल पहुंचे और इस बार उन्होंने अपने गुस्से का इस्तेमाल क्रिक्रेट प्रदर्शन को सुधरने में किया. उस समय पापा 200 रूपये का मनीआर्डर भेजते थे. उससे से ही वे बिस्कुट और समोसा खाते थे. उनके वे दिन बहुत ही मुश्किल भरे थे. लेकिन धीरे-धीरे लोगों का ध्यान खेलों की तरफ जाने लगा और रैना ने सफलता की बुलंदियों को छुना स्टार्ट कर दिया.
घुटने की करानी पड़ी थी सर्जरी
IPL रैना की जिंदगी में दूसरा टर्निंग पॉइंट साबित हुआ. इस दौरान उनके घुटने में चोट लग गई और फिर उन्हें सर्जरी करवानी पड़ी. यह रैना के लिए मुश्किल भरा दौर था. उन्हें डर था की कहीं उनका करियर खत्म ना हो जाये. क्योंकि उन्हें उस वक्त घर के लोन के लिए 80 लाख रूपये चुकाने थे. लेकिन वे दोबारा से क्रिकेट खेलने लगे और सफल हो गए.
मनीआर्डर के पैसों से खाते थे समोसे
रैना को फिर दोबारा उनके भाई दिनेश ने होस्टल में छोड़ दिया. होस्टल प्रशासन ने उनके भाई की सुरक्षा की पूरी गारंटी ली. रैना दोबारा होस्टल पहुंचे और इस बार उन्होंने अपने गुस्से का इस्तेमाल क्रिक्रेट प्रदर्शन को सुधरने में किया. उस समय पापा 200 रूपये का मनीआर्डर भेजते थे. उससे से ही वे बिस्कुट और समोसा खाते थे. उनके वे दिन बहुत ही मुश्किल भरे थे. लेकिन धीरे-धीरे लोगों का ध्यान खेलों की तरफ जाने लगा और रैना ने सफलता की बुलंदियों को छुना स्टार्ट कर दिया.

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