पीरियड्स में दर्द कैसे कम करें उपाय | periods pain relief tablet
पीरियड्स में दर्द कैसे कम करें पीरियड में पेट दर्द की टेबलेट नाम मासिक धर्म के समय दर्द की Homeopathic दवा पीरियड में दवा खाना चाहिए कि नहीं पीरियड्स में कमर दर्द का इलाज पीरियड्स की तस्वीर पीरियड्स में क्या करना चाहिए पीरियड में संबंध बनाने से क्या होता है Menstrual cycle - महिलाओं के शरीर में चक्रीय हार्मोस में होने वाले बदलावों की वज़ह से गर्भाशय से नियमित तौर पर ख़ून और अंदरुनी हिस्से से स्राव होना मासिकधर्म (अथवा माहवारी) कहलाता है, सामान्यत: माहवारी हर महिला में मासिक चक्र की अवधि 28 से 30 दिनों तक की होती है।
आधे से अधिक महिलाओं को पीरियड्स के दौरान दर्द की शिकायत रहती है, जिसे डिसमेनोरिया भी कहा जाता है। ऐसा गर्भाशय में हार्मोंस प्रास्टाग्लैन्डिन रसायन अधिक मात्रा में बनने के कारण होता है।
पीरियड्स के दौरान होने वाले दर्द से बचाव के लिए अपने खान-पान में क्या बदलाव करने की आवश्यकता है ?
खाना हल्का हो। इसे एक साथ खाने के बजाय हिस्सों में खाइए। प्रोटीन युक्त और गैस बनाने वाले खाद्य पदार्थ पीरियड्स के पहले और पीरियड्स के दौरान लेने से बचिए। यह पेट में भारीपन और बैचेनी को बढ़ा देते हैं।
खाने में गुड कार्ब्स जैसे अनाज, फल और सब्जियों का सेवन कीजिए मगर नमक और शक्कर का सेवन कम कीजिए। गर्म पेय पदार्थ जैसे सूप का सेवन कीजिए लेकिन कॉफी, चाय नहीं लीजिए। ओमेगा 3 एसिड युक्त फैटी फिश, नट्स, अलसी जैसे अन्य खाद्य पदार्थों को खाने में शामिल कीजिए
पीरियड्स के समय दर्द से बचाव के लिए क्या घरेलू उपाय किए जा सकते हैं ?
पीरियड्स के दौरान होने वाले दर्द से बचने के लिए कपड़े या पैड को गर्म करके पेट के निचले हिस्से, नाभि के नीचे रखें। यह मांसपेशियों को आराम देगा। इसके अलावा सरसों के तेल से हाथ की उंगलियों से पेट के निचले हिस्से की हल्के हाथों से मालिश करने से आराम मिलेगा।
आधे से अधिक महिलाओं को पीरियड्स के दौरान दर्द की शिकायत रहती है, जिसे डिसमेनोरिया भी कहा जाता है। ऐसा गर्भाशय में हार्मोंस प्रास्टाग्लैन्डिन रसायन अधिक मात्रा में बनने के कारण होता है।
- आगे जरूर पढ़े - ये 7 चीजें सुबह खालीपेट नहीं खानी चाहिए
पीरियड्स के दौरान होने वाले दर्द से बचाव के लिए अपने खान-पान में क्या बदलाव करने की आवश्यकता है ?
खाना हल्का हो। इसे एक साथ खाने के बजाय हिस्सों में खाइए। प्रोटीन युक्त और गैस बनाने वाले खाद्य पदार्थ पीरियड्स के पहले और पीरियड्स के दौरान लेने से बचिए। यह पेट में भारीपन और बैचेनी को बढ़ा देते हैं।
खाने में गुड कार्ब्स जैसे अनाज, फल और सब्जियों का सेवन कीजिए मगर नमक और शक्कर का सेवन कम कीजिए। गर्म पेय पदार्थ जैसे सूप का सेवन कीजिए लेकिन कॉफी, चाय नहीं लीजिए। ओमेगा 3 एसिड युक्त फैटी फिश, नट्स, अलसी जैसे अन्य खाद्य पदार्थों को खाने में शामिल कीजिए
पीरियड्स के समय दर्द से बचाव के लिए क्या घरेलू उपाय किए जा सकते हैं ?
पीरियड्स के दौरान होने वाले दर्द से बचने के लिए कपड़े या पैड को गर्म करके पेट के निचले हिस्से, नाभि के नीचे रखें। यह मांसपेशियों को आराम देगा। इसके अलावा सरसों के तेल से हाथ की उंगलियों से पेट के निचले हिस्से की हल्के हाथों से मालिश करने से आराम मिलेगा।
- आगे जरूर पढ़े -शास्त्र अनुसार मृत समान बना देती हैं 14 गंदी आदते

Comments
Post a Comment
Ask me anything here...