2022 भारत सरकार जल्द ही क्रिप्टो को जीएसटी (GST) के दायरे में लाने की कर रही तैयारी: आओ जाने

 




भारत सरकार जल्द ही क्रिप्टो को जीएसटी (GST) के दायरे में लाने की कर रही तैयारी: आओ जाने



जीएसटी (GST) यानी गुड्स एंड सर्विस टैक्स के दायरे में सरकार क्रिप्टोकरंसी Cryptocurrency को भी लाने की तैयारी जोरों - शोरों से कर रही है। सरकार का मानना है कि इस पर जीएसटी GST लगाने से क्रिप्टोकरंसी की संपूर्ण लेनदेन पर नजर रखी जा सकेगी , क्रिप्टो करेंसी एक्सचेंज द्वारा दी जाने वाली सेवाओं पर इस समय सिर्फ 18% जीएसटी GST लगाया जाता है और इसे वित्तीय सेवा के तौर पर वर्गीकृत किया जाता है। अधिकारियों का मानना है कि CRYPTOCURRENCY  किसी लॉटरी, सट्टेबाजी, कसीनो ,जुआ के ही समान है जिसके मूल्य पर 28% जीएसटी लागू है। इसके साथ -साथ सोने के मामले में पूरे लेनदेन पर 3% जीएसटी लगाया जाताहै। इन्हीं बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए एक शीर्ष अधिकारी ने क्रिप्टोकरंसी पर जीएसटी लगाने के संबंध में   स्पष्ट किया और इस पर आने वाले समय में क्रिप्टो करेंसी के पूरे मूल्य पर जीएसटी लगाया जाना चाहिए या नहीं इस पर भी अभी विचार चल रहा है | और क्या क्रिप्टो करेंसी को  गुड्स और सर्विस  टैक्स के रूप में वर्णित किया जा सकता है यह भी एक प्रश्न बना हुआ है वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक यदि इस  क्रिप्टो करेंसी पर टैक्स लगाया जाता है तो यह दर 0.1 से 1% हो सकती है बताते चलें कि यह टैक्स की दर अभी शुरुआती चरण में चल रही है और इस पर गहनता से विचार विमर्श किया जा रहा है | जीएसटी कानून क्रिप्टो करेंसी के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं  देता है। बजट सत्र 2022- 23 पर आयकर लगाने के संबंध में कुछ स्पष्टता  लाई गई है ,सरकार क्रिप्टोकरंसी को रेगुलेट करने के लिए अलग से कानून पर काम कर रही है जिससे कि इस पर पूर्ण रूप से नियंत्रण सरकार का हो सके लेकिन अभी तक कोई पूर्ण रूप से सार्वजनिक रूल नियम कानून सामने  नहीं आए हैं।

 

 क्रिप्टो को जीएसटी के दायरे में लाने का सरकार के द्वारा यह कदम क्रिप्टो निवेशकों के लिए कितना उपयोगी या गैर उपयोगी साबित होगा यह तो आने वाला समय ही बताएगा  लेकिन सबसे महत्वपूर्ण यह है कि क्या भारत सरकार क्रिप्टोकरंसी को इन कानूनों के दायरे में लाकर  क्रिप्टो करेंसी को  भारत में लागू करना चाहती है या नहीं यह भी एक महत्वपूर्ण तथ्य होगा।

 

यदि सरकार क्रिप्टो को जीएसटी के दायरे में लाती है तो देखने वाली बात यह होगी कि सरकार इस पर कितने पर्सेंट का जीएसटीGST RATE  रेट तय करती है जो कि निवेशकों के लिए भी उपयोगी हो और सरकार के लिए भी जिससे कि भारत की अर्थव्यवस्था में क्रिप्टो करेंसी का  भविष्य बेहतर हो सके।

 

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