अशराफ संगठन और कुछ मुस्लिम नेता आर्टिकल 341 को लेकर सांप्रदायिक मुद्दा बनाने की रहे है कोशिश: जावेद मालिक


अशराफ संगठन और कुछ मुस्लिम नेता आर्टिकल 341 को लेकर सांप्रदायिक मुद्दा बनाने की रहे है कोशिश: जावेद मालिक

दिल्ली: अखिल भारतीय पसमांदा मुस्लिम मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा प. उ. प्र. के क्षेत्रीय अध्यक्ष जावेद मलिक का आरोप है कि कुछ अशराफ संगठन और नेता पसमांदा समाज को दलित के आरक्षण के लिए आर्टिकल 341 पैरा 3 का राग अलाप कर इसे हिन्दू-मुस्लिम यानी सांप्रदायिक मुद्दा बनाने का प्रयास कर रहें हैं, ऐसा कर अशराफ एक तीर से दो निशाना हासिल करना चाहता है पहला सांप्रदायिकता माहौल बना कर पहले से गुलाम पसमांदा की गुलामी को और मजबूत करना और दूसरा उन्हें भीड़ बना सरकार पर दबाव डाल अपने सत्ता एवं वर्चस्व को बनाएं और बचाएं रखना। अगर इसे न रोका गया तो पसमांदा आंदोलन के इस महत्वपूर्ण मांग का भी हाल अशराफ बाबरी मस्जिद वाला कर देंगे और पूरे देश में पसमांदा समाज को सरकार से तकरार कर स्वयं मलाई खायेंगे। अगर अशराफ वाकई चिंचित है तो वो पहले अपने संगठनों और संस्थाओं में पसमांदा दलित को भागेदारी क्यों नही दे देता,
याद रखें किसी भी हालत में समाज का नेतृत्व शोषक/उत्पीड़क के हाथ में नहीं जाने देना है। अपरिचित तो आपकी सहायता कर सकता है लेकिन शोषक कभी भी आपका सहायक नहीं हो सकता। आपको बता दे कि जावेद मलिक निरन्तर पसमांदा समाज के हितों के लेकर कार्य करते आ रहे है और अभी हाल ही में जावेद मालिक ने लखनऊ में पसमांदा समाज के एक बड़े महासम्मेलन को अंजाम दिया था और सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्तिथ उत्तर प्रदेश के उप-मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के समक्ष पसमांदा समाज की आवाज़ को बुलंद किया था।

 ALL Credit of this post going to https://www.hindisamvad.com

Comments

Popular posts from this blog

Gove confirms mandatory housebuilding targets for councils will be abolished in face of Tory rebellion – UK politics live

Kotak Mahindra Bank Recruitment 2022 Released for Graduate Candidates And Apply Online